आज ही करें कपूर जलाना: घर के इन ९ बेहतरीन फायदे जानें!
क्या आप जानते हैं कि कपूर जलाने (Burning Camphor) से सिर्फ पूजा-पूजन नहीं बल्कि वातावरण शुद्धि, स्वास्थ्य सुधार, और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह भी बढ़ता है? जानें कपूर के वैज्ञानिक, वास्तु और आध्यात्मिक फायदे।
November 08, 2025 Admin 0 min read

कपूर जलाने के लाभ – एक सम्पूर्ण गाइड

भारतीय रीति-रिवाजों में Camphor (कपूर) का विशेष स्थान रहा है। पूजा-आरती से लेकर घर की सफाई तथा ऊर्जा सुधार तक, कपूर कई तरह से उपयोगी माना गया है। नीचे इसके प्रमुख फायदे और उपयोग के आसान तरीके दिए गए हैं।

1. बुरी ऊर्जा और नकारात्मकता को दूर करना

वास्तु-शास्त्र तथा आध्यात्मिक मतों के अनुसार कपूर जलाने से घर या कमरे में बुरी ऊर्जा, ‘नजर’, और अशुद्ध वातावरण दूर होता है। उदाहरण-के-लिए, यदि घर में लंबे समय से तनाव, कलह या अवसाद जैसा माहौल बना हुआ है, तो आरती के समय कपूर जलाना उपयोगी माना गया है।

2. वायु-शुद्धि और स्वास्थ्य से जुड़ी खूबियाँ

  • कपूर की लपटों व धुएँ में पाए गए एंटी-माइक्रोबियल गुण वायु में मौजूद जीवाणु और विषाणुओं को कम करने में सहायक हैं। 

  • सांस-संबंधित समस्या जैसे हल्की जकड़न, बंद नाक या सर्दी-खाँसी में राहत मिल सकती है क्योंकि कपूर की खुशबू से श्वसन पथ थोड़ी खुल सकती है। 

नोट: हालांकि, अच्छी वेंटिलेशन के बिना अधिक असर हो सकता है—बच्चों या अस्थमा रोगियों को सावधानी करनी चाहिए।

3. मानसिक शांति, तनाव मुक्ति व बेहतर नींद

कपूर की सुगंध और उसके धुएँ के वातावरण-शुद्धि असर से मन शांत होता है, ध्यान व मेडिटेशन (ध्यान) में मदद मिलती है और नींद की गुणवत्ता बेहतर हो सकती है। यदि रोज़ाना सोने से पहले कपूर जलाया जाए तो बेहतर आराम की संभावना बढ़ सकती है।

4. परिवार, रिश्ते और सद्भाव में सुधार

हस्तालंभ रूप से माना गया है कि कपूर के उपयोग से घर का माहौल संतुलित रहता है, जिससे घरेलू कलह, झगड़े और संबंधों में खटास कम हो सकती है। उदाहरण के लिए, कपोर को बिस्तर-कक्ष में पीतल या चाँदी के कटोरे में जलाना विवाह-जीवन के लिए शुभ माना गया है।

5. समृद्धि, भाग्य व वास्तु दोष निदान

वास्तु एवं ज्योतिष के अनुसार, दक्षिण-पूर्व दिशा में शाम के समय कपूर जलाने से धन-समृद्धि तथा सकारात्मक ऊर्जा आती है। साथ ही ग्रहों (विशेषकर शुक्र व चंद्र) की नकारात्मक स्थिति (दोष) को शांत करने हेतु भी इसका प्रयोग किया जाता है। 

6. घरेलू उपयोग के सरल सुझाव

  • एयर फ्रेशनर के रूप में: कपूर को बारीक कूटकर लैवेंडर तेल के साथ स्प्रे बोतल में डालकर नमी-वाले हिस्सों पर छिड़कें। 

  • कीट-रोग नियंत्रण: चींटियों या मच्छरों के क्षेत्र में कपूर जलाना और छिड़कना उपयोगी हो सकता है। 

  • फर्श पोंछने में: कपूर पाउडर को पानी में मिला कर फर्श पोंछने से वातावरण और ऊर्जा बेहतर हो सकती है।

7. सुरक्षित इस्तेमाल के टिप्स

  • कपूर जलाते समय सुनिश्चित करें कि कमरे में ठीक वेंटिलेशन हो; धुआँ बंद कम-हवादार कमरे में समस्या उत्पन्न कर सकता है।

  • बच्चों, गर्भवती महिलाओं या सांस-संबंधित रोगियों के लिए सलाह-मशविरा लाभदायी होगा।

  • प्रमाणित, शुद्ध कपूर का ही उपयोग करें; अधूरा या मिलावट वाला कपूर हार्मफुल हो सकता है।

निष्कर्ष

कपूर जलाने की परंपरा केवल धार्मिक रस्म नहीं है—यह शारीरिक, मानसिक और वातावरणीय लाभों से भरी हुई है। बुरे प्रभावों को हटाना, घर को स्वच्छ व शांत करना, रिश्तों में सुधार लाना और भाग्य-वृद्धि की दिशा में यह एक सरल उपाय हो सकता है।

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